नमिता जोशी
सर्किट फटे बांस के माफिक गले से चक दे लालू गाने की ट्यून निकाल रयेला है। अपुन ने पूछा कि काइकू दो दिन से अपने गले के टॉन्सिल खराब कर रयेला है, तो बोला-मुन्ना भाई, रेल बजट नहीं देखा क्या! बोले तो यूपी-बिहार के भैया लोग कू मुंबई के भाई लोग ने कित्ती गाली दी, वाट लगाई, पन इस बिहारी बाबू लालू ने मुंबईकर के वास्ते एक नहीं, दो नहीं, पूरी तीन सौ लोकल रेल का गिफ्ट दे डाला।
तभीच उदर पके अमरूद के माफिक मालूम नहीं किदर से भांकर भाणा टपका और सर्किट के टेप पर स्टॉप का बटन लगाने का कोशिश किया। बोला-ये लालू की बाजीगरी तेरे जइसे फ्यूज सर्किट के भेजे में नहीं घुसने वाली। अपुन का नाम पब्लिक ने भांकर भाणा ऐसेइच नहीं रखा। बोले तो नई लोकल रेल लाने का क्या फायदा? पुरानी लोकल की हालत देखी है? बिना क्रीम के केक और बिना ब्रेड के सैंडविच के माफिक पटरी पर चल रयेली है। पहले उसकू ठीक करना मांगता था ना। तू देखना, ये तीन सौ लोकल तीन दिन में बरोबर हो जाएंगी।
भांकर भाणे की जली कटी सुनने के बाद सर्किट फुकेले बम के माफिक गुस्से में बोला - अक्खा मुंबई की पब्लिक हैपी है और तू उस खुशी में पानी डाल रयेला है। नई लोकल की बात सुनके गरीब लोग का कित्ता भला होगा, मालूम? सर्किट की इस बात पे भी भाणे ने फ्ल चला दिया। अपुन तो ये सोच के डर रयेला था कि कहीं ये बात राज ठाकरे सुन लेगा तो मालूम नहीं मुंबई में एक बार फिर कित्ता बड़ा बवाल खड़ा हो जाएंगा।
भाणा बोला - लालू ने खाली यूपी और बिहार की गरीब जनता का खयाल रखा है, महाराष्ट्र की नहीं। गरीब रथ सबसे जास्ती उदर इच से निकाला है। अब तू देखना, बिहार यूपी के भैया लोग कू फैलने से कोई नहीं रोक सकता। रेल बजट में बिहार और महाराष्ट्र कू काइकू सैंडविच बना रयेले हो! अपुन ने दोनों कू चुप कराया। अगर लड़ना इच है तो इस बात पे लड़ो कि लालू ने रेल की सेफ्टी और स्पीड बढ़ाने के वास्ते कुछ नहीं बोला। और वइसे भी वोट जुगाड़ करने के वास्ते भी तो सरकार कू कुछ करनाइच था ना।
इल्जाम लगाना इच है तो लालू पे ये इल्जाम लगाओ कि अगर इत्ते सारे भाड़े घटाने इच थे तो पिछले पांच साल में काइकू नहीं घटाए। इलेक्शन के टाइम पे कॉमन मैन की याद कइसे आ गई! वइसे जो भी हो, कॉमन मैन कू तो फायदा इच हुआ है ना, इलेक्शन के बहाने इच सही। कॉमन मैन की तो निकल पड़ी है।
गुरुवार, 28 फ़रवरी 2008
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8 टिप्पणियां:
बोले तो शानदार पीस है बाप
शानदार पीस to hai lekin apne laluwa akele aise rail mantri hain jinhone apne pure paanch saal ke dauraan ek baar bhi kiraya nahi baraya....
धांसू है।
:P :D
बेहतरीन!!!
बहुत उम्दा.
cool stuff... Really great
Thanks to all for your support... Keep reading tapori bole and your feedback is very vital for the blog
Thanks :-)
Excellent style!
keep it up.
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